पर्ल प्रोग्रामिंग भाषा क्या है (What is Perl Language in Hindi)

Perl Language in Hindi : आज के इस लेख के माध्यम से हम आपके साथ पर्ल कंप्यूटर भाषा की जानकारी साझा करने वाले हैं जो आपको पर्ल सीखने में बहुत मदद करने वाली है. इस लेख में आपको Perl Kya Hai, पर्ल का पूरा नाम, पर्ल के सभी संस्करण, पर्ल की विशेषताएं, पर्ल के उपयोग, पर्ल के फायदे और नुकसान तथा पर्ल कैसे सीखें की पूरी विस्तृत जानकारी मिलेगी.

तो आप इस लेख को अंत तक जरुर पढ़ें और पर्ल के basic को समझें. चलिए बिना देरी के शुरू करते है इस लेख को और जानते हैं Perl क्या होता है.

पर्ल प्रोग्रामिंग भाषा क्या है (Perl Language in Hindi)

पर्ल कंप्यूटर की एक Programming Language है. यह General Purpose, High Level Programming Language है. यह एक गतिशील भाषा है.

पर्ल Object oriented  और Procedural दोनों प्रकार के Programming Language को सपोर्ट करता है और इसके Syntax C Language के ही सामान है. जिन यूजर को C Language या C++ भाषा का ज्ञान है वे बहुत आसानी से पर्ल को सीख सकते हैं.

पर्ल के इस्तेमाल से कई प्रकार के Multiple Task किये जा सकते हैं. शुरुवात में इसका इस्तेमाल Script manipulation के लिए किया जाता था, धीरे – धीरे पर्ल Language में और भी सुधार हुए जिससे इसका इस्तेमाल अब बहुत सारे कामों में होता है. Public और Private Sector में इसका इस्तेमाल महत्वपूर्ण Project के लिए किया जाता है.

पर्ल एक Open Source Language है जिसका इस्तेमाल आप बिलकुल फ्री में कर सकते हैं.

पर्ल का पूरा नाम (Perl Full Form in Hindi)

वैसे तो अधिकारिक तौर पर Perl का कोई फुल फॉर्म नहीं है लेकिन कुछ वेबसाइट में आपको पर्ल का फुल फॉर्म मिलेगा जो निम्न है –

  • Perl Full Form – Practical Extraction and Reporting Language
  • Perl Full Form in Hindi     – व्यावहारिक निष्कर्षण और रिपोर्टिंग भाषा

पर्ल का इतिहास (History of Perl in Hindi)

Perl programming भाषा को Larry Wall ने 1987 में बनाया था. 1987 में Perl 1.0 को release किया गया था. अभी पर्ल का नवीनतम संस्करण Perl 5.34.0 जो मई 2021 को Release किया गया था.

Perl Language को मूल रूप से Script manipulation के लिए Develop किया गया था लेकिन अब इसका इस्तेमाल अनेक प्रकार के उद्देश्यों को पूरा करने के लिए किया जाता है.

पर्ल के संस्करण (Perl Version in Hindi)

Perl Language के अभी तक Release किये गए Version की सूची नीचे सारणी में दी है –

Perl संस्करणRelease Date
Perl 5.00017 October 1994
Perl 5.00113  March 1995
Perl 5.00229 February 1996
Perl 5.00325 June 1996
Perl 5.00415 May 1997
Perl 5.00522 July 1998
Perl 5.6.022 March 2000
Perl 5.8.018 July 2002
Perl 5.10.018 December 2007
Perl 5.12.012 April 2010
Perl 5.14.014 May 2011
Perl 5.16.020 May 2012
Perl 5.18.018 May 2013
Perl 5.20.027 May 2014
Perl 5.22.01 June 2015
Perl 5.24.08 May 2016
Perl 5.26.030 May 2017
Perl 5.28.022 June 2018
Perl 5.30.022 May 2019
Perl 5.32.020 June 2020
Perl 5.34.020 May 2021
पर्ल के संस्करण (Perl Version in Hindi)

पर्ल डेटा के प्रकार (Perl Data Type in Hindi)

पर्ल एक Loosely Type की गयी भाषा है. Perl Interpreter खुद Data Type को Select करता है. इसलिए पर्ल प्रोग्रामिंग में Data Type Specify करने की कोई आवश्यकता नहीं होती है.  

Perl Programming Language में मुख्य रूप से तीन डेटा प्रकार होते हैं –

Perl Scalars

पर्ल स्केलर एक Single Data आइटम है. वे सरल Variables जो एक चिन्ह ($) से पहले होते हैं. एक Scalars आदिश संख्या, Reference या String हो सकता है.

Perl Arrays

Perl Arraysस्केलर के एक आर्डर की List होते हैं जो (@) चिन्ह से पहले होते हैं. इन्हें इनके index नंबर के द्वारा एक्सेस किया जाता है जो कि 0 सी शुरू होते हैं.

Perl Hashes

पर्ल हैश Key value pair का एक अनियंत्रित संग्रह है. वे (%) चिन्ह से पहले शुरू होते हैं. और इन्हें Key के द्वारा एक्सेस किया जाता है.

पर्ल की विशेषताएं  (Feature of Perl in Hindi)

Perl Programming Language की निम्न विशेषताएं हैं –

  • पर्ल अन्य प्रोग्रामिंग भाषाओं जैसे कि C Language, awk आदि से बेहतरीन सुविधाएं देता है.
  • पर्ल मार्कअप भाषाएँ जैसे कि HTML, XML आदि के साथ काम करता है.
  • पर्ल Unicode का समर्थन करता है.
  • Perl Database integration (DBI) इंटरफ़ेस अन्य third party डेटाबेस जैसे oracle, MySQL आदि को सपोर्ट करता है.
  • पर्ल Y2K Compliant है.
  • पर्ल Object oriented  और Procedural दोनों प्रकार के Programming को Support करता है.
  • पर्ल XS और SWIG के माध्यम से बाहरी C/C++ Libraries के साथ interface करता है.

पर्ल के उपयोग  (Uses of Perl in Hindi)

पर्ल एक High Level Programming Language है जिसका इस्तेमाल Multiple Task को पूरा करने के लिए किया जाता है.

पर्ल का इस्तेमाल निम्न प्रकार के कार्यों के लिए किया जाता है –

  • पर्ल का इस्तेमाल वेब पेज को Serve करने के लिए किया जाता है.
  • Perl language का इस्तेमाल आवाज को पहचानने के लिए किया जाता है. यूजर Voice Command के द्वारा कंप्यूटर में डेटा इनपुट करते हैं. इसमें पर्ल मदद करता है.
  • पर्ल का इस्तेमाल Text to Speech  के अनुवाद में किया जाता है. जैसे आप Google Translate के द्वारा किसी भी बोली गयी भाषा का दूसरी भाषा में Translate कर सकते हैं.
  • Text manipulate करने के लिए पर्ल सबसे उत्तम प्रोग्रामिंग भाषा है.
  • पर्ल के साथ Log Management को बहुत अच्छे प्रकार से किया जा सकता है.
  • BioPerl का इस्तेमाल जैव सूचना विज्ञान (Bioinformatics) के साथ किया जा सकता है.
  • Perl की मदद से E-mail को Handle किया जा सकता है.
  • Scripting System Administration Task के लिए परक का इस्तेमाल किया जा सकता है.
  • Web Development , Graphic User Interface (GUI) Development  के लिए भी पर्ल का इस्तेमाल किया जा सकता है.

पर्ल के फायदे (Advantage of Perl in Hindi)

Perl Programming Language के निम्न फायदे हैं –

  • पर्ल का इस्तेमाल अन्य मार्कअप भाषओं के साथ किया जा सकता है.
  • Text Manipulation में पर्ल एक कुशल language है.
  • पर्ल एक Open Source Software है, इसका इस्तेमाल बिलकुल मुफ्त में किया जा सकता है.
  • पर्ल को Web Server और Database Server में embedded किया जा सकता है.
  • पर्ल 25 हजार से अधिक Open Source Module का समर्थन करता है.

पर्ल के नुकसान (Disadvantage of Perl in Hindi)

पर्ल प्रोग्रामिंग भाषा के कुछ नुकसान निम्न प्रकार से हैं –

  • पर्ल Portable language नहीं है.
  • पर्ल में प्रोग्राम धीरे – धीरे चलते हैं.
  • अन्य भाषओं की तुलना में पर्ल कम उपयोगी है.

इन्हें भी पढ़े 

पर्ल कैसे सीखें (How to Learn Perl in Hindi)

पर्ल को सीखने का सबसे अच्छा तरीका है Online Tutorial. जहाँ पर आप बिल्कुल Free में पर्ल सीख सकते हैं. Perl को आप ऑनलाइन वेबसाइट या YouTube Tutorial के द्वारा सीख सकते हैं.

पर्ल सीखने के लिए कुछ Popular वेबसाइट नीचे दी गयी हैं –

FAQ For Perl in Hindi     

पर्ल प्रोग्रामिंग लैंग्वेज की खोज किसने की?

पर्ल भाषा को 1987 में Larry Wall ने बनाया था.

पर्ल का फुल फॉर्म क्या है?

वैसे पर्ल भाषा का कोई अधिकारिक फुल फॉर्म नहीं है लेकिन तब भी बहुत वेबसाइट में पर्ल का फुल फॉर्म Practical Extraction and Reporting Language (व्यावहारिक निष्कर्षण और रिपोर्टिंग भाषा) है.

पर्ल किस काम के लिए उपयोग की जाती है.

पर्ल भाषा का उपयोग Multiple Task में किया जाता है.

पर्ल का नवीनतम संस्करण कौन सा है?

पर्ल का संस्करण Perl 5.34.0 है.

निष्कर्ष –  Perl Language क्या है हिंदी में  

इस लेख के माध्यम से हमने आपको Perl Language Kya Hai की सारी बुनियादी जानकारी देने की कोशिस की है जिससे आपको पर्ल भाषा के बारे में अच्छा ज्ञान प्राप्त हो सके और पर्ल को सीखने में आपको आसानी मिल सके.

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Editorial Staff
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